हमारे देश भारत के संविघान में संघीय स्वरूप को स्वीकार किया गया है | कार्य /विधान के लिये तीन अनुसूचियाँ बनाई गयी हैं -1 संघीय सूची 2 राज्य सूची 3 समवर्ती सूची| संघीय सूची में जो विषय हैं उन पर केन्द्र (संसद )कानून बना सकती है | राज्य सूची में जो विषय हैं उन पर प्रान्तीय राज्य सरकारें कानून बना सकती हैं और जो समवर्ती सूची के विषय हैं उन पर केन्द्र और राज्य सरकारें कानून बना सकती हैं | सविंधान की इतनी स्पष्ट व्यवस्था एवं व्याख्या के बाद राज्य सरकारें कैसे कह सकती हैं कि वे अपने यहाँ सी.बी आई.को घुसने नहीं देंगी या नागरिकता संसोधन कानून को अपने यहांँ लागू नहीं करेंगी ?इससे तो केन्द्र और राज्यों में टकराव होगा | बिना केन्द्र के सहयोग के राज्य पीछे हो जायेंगे| दोनों में समन्वय बनाए रखना ही संविधान की भावना का सम्मान है|
केन्द्र राज्य सम्बन्धों में टकराव